
नई दिल्ली
भारत के कप्तान शुभमन गिल ने शनिवार से गॉल में श्रीलंका के खिलाफ शुरू हो रहे टेस्ट से पहले संकेत दिए हैं कि अनुभवी मोहम्मद सिराज के साथ प्रसिद्ध कृष्णा नई गेंद संभाल सकते हैं. हालांकि, उन्होंने कर्नाटक के तेज गेंदबाज प्रसिद्ध और युवा गुरनूर बरार में से किसी एक को चुनने को ‘मुश्किल फैसला’ बताया.
भारत इस मुकाबले में तीन बाएं हाथ के स्पिनर रवींद्र जडेजा, मानव सुथार और कलाई के स्पिनर कुलदीप यादव के साथ उतर सकता है. तेज गेंदबाजी में सिराज की जगह लगभग तय है, जबकि बाकी तीन विकल्पों में प्रसिद्ध, गुरनूर और आकिब नबी शामिल हैं. नबी की दावेदारी फिलहाल कमजोर मानी जा रही है.
छह फुट पांच इंच लंबे गुरनूर की तुलना में प्रसिद्ध करीब एक इंच छोटे हैं, लेकिन उनके पास 7 टेस्ट का अनुभव और 25 विकेट हैं. गिल ने मैच की पूर्व संध्या पर कहा, 'गुरनूर पुरानी गेंद से शानदार गेंदबाजी करते हैं और अच्छी गति के साथ उछाल हासिल कर सकते हैं. लेकिन प्रसिद्ध भी हाल में अच्छी गेंदबाजी कर रहे हैं, जैसा कि हमने अभ्यास मैच में देखा. इसलिए यह मुश्किल फैसला है.'
जसप्रीत बुमराह के घुटने की चोट के कारण टीम से बाहर होने के बीच यह सीरीज प्रसिद्ध और गुरनूर जैसे गेंदबाजों के लिए खुद को साबित करने का बड़ा मौका है. गिल ने कहा, 'बुमराह यहां नहीं हैं, लेकिन यह किसी और के लिए आगे बढ़कर जिम्मेदारी संभालने का मौका है. आपको सिर्फ खेल की गति को समझना होता है.'
पडिक्कल नंबर-3 पर, जुरेल को फिर मौका
बल्लेबाजी में साई सुदर्शन की गैरमौजूदगी में बाएं हाथ के देवदत्त पडिक्कल के नंबर-3 पर उतरने की उम्मीद है. वहीं, पिछले कुछ टेस्ट में खराब प्रदर्शन के बावजूद ध्रुव जुरेल को मध्यक्रम में एक और मौका मिलने की संभावना है.
युवा खिलाड़ियों पर भरोसा जताते हुए गिल ने कहा, 'खिलाड़ी अपने आप भी आगे बढ़ते हैं, हमें उन्हें समय देना होगा. कुछ खिलाड़ियों को थोड़ा वक्त चाहिए.'
साई सुदर्शन की फिटनेस को लेकर टीम प्रबंधन और बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के बीच कथित संवादहीनता की खबरों को भी गिल ने खारिज किया. उन्होंने कहा, 'उनसे लगातार बात होती रहती है. दुर्भाग्य से साई सुदर्शन उतना सुधार नहीं कर पाए, जितना हम चाहते थे. टेस्ट क्रिकेट में हम जोखिम नहीं ले सकते. लेकिन हमें अपने 15 खिलाड़ियों पर पूरा भरोसा है.'
WTC फाइनल की दौड़ में वापसी पर नजर
टेस्ट कप्तानी संभालने के करीब एक साल बाद गिल ने कहा कि वह इस भूमिका में अब सहज महसूस करने लगे हैं. उनके मुताबिक, श्रीलंका सीरीज विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप की दौड़ में भारत को फिर पटरी पर लाने का मौका है.
उन्होंने कहा, 'अब मैं कप्तान की भूमिका में सहज हूं. हमारा लक्ष्य विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप के फाइनल की दौड़ में बने रहना है. इसके लिए हमें 6 या 7 टेस्ट जीतने होंगे. इसलिए हम यहां से शुरुआत करना चाहते हैं.'
श्रीलंका के खिलाफ पहला टेस्ट भारतीय क्रिकेट के लिए ऐतिहासिक भी होगा. यह टेस्ट क्रिकेट में भारत का 600वां मुकाबला है. भारत ने 1932 में टेस्ट पदार्पण किया था. गिल ने कहा, '600वें टेस्ट में अपने देश की कप्तानी करना सम्मान की बात है और स्वतंत्रता दिवस पर ऐसा करना इसे और खास बना देता है.'



