
इंदौर
राज्य अधिवक्ता परिषद के पांच साल में एक बार होने वाले चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी गई है। इसके अनुसार पूरे प्रदेश में 12 मई 2026 को एक साथ मतदान कराया जाएगा, जबकि मतगणना 16 जून 2026 से शुरू होगी। कार्यकारिणी सदस्य के कुल 25 पदों में से इस बार सात पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं। इनमें से पांच पदों पर चुनाव होगा, जबकि दो पदों पर मनोनयन किया जाएगा। इस चुनाव में प्रदेशभर के लगभग 87 हजार वकील हिस्सा लेंगे।
राज्य अधिवक्ता परिषद के चुनाव के लिए प्रारंभिक मतदाता सूची 16 मार्च 2026 को जारी की जाएगी। इस सूची को लेकर 24 मार्च 2026 तक दावे और आपत्तियां प्रस्तुत की जा सकेंगी। इसके बाद एक अप्रैल को अंतिम मतदाता सूची जारी होगी। मतदान का अधिकार केवल उन्हीं वकीलों को मिलेगा, जिन्होंने निर्धारित प्रावधानों के अनुसार अपना सत्यापन करा लिया है।
नामांकन के लिए तीन दिन का समय
प्रत्याशियों को नामांकन फार्म जमा करने के लिए तीन दिन का समय मिलेगा। आठ, नौ और दस अप्रैल को नामांकन फार्म जमा किए जा सकेंगे। 15 और 16 अप्रैल को नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी। वहीं 20 से 22 अप्रैल शाम चार बजे तक नाम वापस लिया जा सकेगा। 22 अप्रैल 2026 को शाम पांच बजे प्रत्याशियों की अंतिम सूची जारी कर दी जाएगी।
दो महीने से अधिक चलती है मतगणना
मतदान के बाद सभी मतपेटियों को सीलबंद कर जबलपुर भेजा जाएगा। वहां 16 जून 2026 से मतगणना शुरू होगी। आमतौर पर राज्य अधिवक्ता परिषद के चुनाव की मतगणना लगभग दो महीने तक चलती है।
महिलाओं की हिस्सेदारी बढ़ेगी
इस बार राज्य अधिवक्ता परिषद में महिलाओं की भागीदारी बढ़ना तय है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद 25 में से सात पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं। पिछली कार्यकारिणी में 25 सदस्यों में से केवल एक महिला थी, लेकिन इस बार यह संख्या सात तक पहुंच जाएगी।
प्रत्याशियों के लिए चुनौतीपूर्ण होगा चुनाव
पिछले चुनाव की तुलना में इस बार चुनाव अधिक चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है। इसका कारण यह है कि पुरुष प्रत्याशियों के लिए 25 के बजाय सिर्फ 18 पद ही उपलब्ध होंगे। अनुमान के अनुसार प्रथम वरीयता के लगभग 2500 मत पाने वाले प्रत्याशी खुद को सुरक्षित स्थिति में मान सकते हैं।
इंदौर से 30 से ज्यादा संभावित प्रत्याशी
नामांकन प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही संभावित प्रत्याशियों ने प्रचार शुरू कर दिया है। इंटरनेट मीडिया के साथ-साथ प्रत्यक्ष संपर्क के माध्यम से भी प्रचार किया जा रहा है। प्रत्याशी वकीलों के कार्यालयों और घरों तक पहुंचकर प्रथम वरीयता का मत देने की अपील कर रहे हैं। इस बार राज्य अधिवक्ता परिषद के चुनाव में अकेले इंदौर से 30 से अधिक प्रत्याशियों के मैदान में उतरने की तैयारी है, जिनमें वर्तमान कार्यकारिणी के पांच सदस्य भी शामिल हैं।



