
पटना
बिहार के सरकारी कर्मचारियों को फरवरी महीने की सैलरी होली से पहले ही खाते में मिल जाएगी। वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने मंगलवार को विधान परिषद में यह घोषणा की। उन्होंने बिहार का खजाना खाली होने के आरोप को भी पूरी तरह खारिज कर दिया। दरअसल, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) समेत अन्य विपक्षी दलों के नेता आरोप लगा रहे हैं कि बिहार का सरकारी खजाना खाली है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सोमवार को कहा था कि आने समय में सरकार के पास कर्मचारियों को वेतन देने तक के पैसे नहीं होंगे।
विधान परिषद के बजट सत्र की कार्यवाही के दौरान मंगलवार को दूसरी पाली में बिहार विनियोग विधेयक (संख्या 2) 2026 पर चर्चा हुई। विनियोग विधेयक सदन से पारित कर दिया गया। इस विधेयक पर बोलते हुए वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने कहा, “विपक्ष के जो लोग कह रहे हैं कि खजाना खाली है, तो सरकार ने निर्णय लिया है कि फरवरी महीने का वेतन होली से पहले ही दे दिया जाएगा।” उन्होंने विपक्षी सदस्यों की चुटकी लेते हुए यह भी कहा, “हम कोशिश करेंगे कि फरवरी में विरोधी दल का तनख्वाह नहीं मिले।” वित्त मंत्री की इस बात पर सत्ता पक्ष के सदस्य ठहाके लगाने लगे।
तेजस्वी ने क्या कहा था
दरअसल, आरजेडी के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव ने सोमवार को मीडिया से बातचीत में कहा था कि बीते 21 साल से जनता ने एनडीए सरकार को मौका दिया। इस दौरान बिहार सबसे गरीब और बेरोजगार राज्य बन गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि 21 सालों में केवल अपराध, भ्रष्टाचार, तानाशाही का राज रहा। भ्रष्टाचारियों ने सरकार का खजाना खाली कर दिया। कुछ दिनों बाद कर्मचारियों को पैसा देने की भी स्थिति बिहार सरकार की नहीं रहेगी। तेजस्वी ने दावा किया कि सरकार में कोई कार्रवाई और सुनवाई नहीं हो रही है।
आरजेडी ने पूछा- विशेष राज्य के दर्जे का क्या हुआ, मंत्री ने दिया जवाब
आरजेडी के एमएलसी अब्दुल बारी सिद्दिकी ने मंगलवार को सदन में मुद्दा उठाया कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने का कोई उल्लेख बजट में नहीं है। उन्होंने यह भी दावा किया कि स्पेशल इकॉनोमिक जोन का पैसा गुजरात में चला जाता है, बिहार को नहीं मिलता है।
इस पर, वित्त मंत्री ने कहा कि जीएसटी लागू होने के बाद देश की इकॉनमी दुनिया में तीसरे नंबर पर जा रही है। अब कोई स्पेशल कैटगरी का राज्य नहीं होता है। केंद्र सरकार की ओर से बिहार को नेशनल हाईवे समेत अन्य योजनाओं में बहुत अधिक राशि दी जा रही है। केंद्र की इस मदद से बिहार काफी विकास कर रहा है।



