परमानेंट नौकरी की मांग को लेकर सड़क पर उतरे रोडवेज कर्मचारी, लुधियाना में हंगामा

लुधियाना.

पंजाब परिवहन विभाग में सेवाएं दे रहे संविदा कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर वीरवार को जोरदार प्रदर्शन किया। पंजाब रोडवेज, पनबस और पीआरटीसी संविदा वर्कर्स यूनियन के बैनर तले बड़ी संख्या में कर्मचारी बस स्टैंड पर एकत्रित हुए और करीब दो घंटे तक पंजाब सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।

प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों की मुख्य मांग उन्हें स्थायी किया जाना था। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने सरकार पर वादाखिलाफी और परिवहन विभाग के निजीकरण को बढ़ावा देने के आरोप लगाए। इस मौके पर पंजाब रोडवेज पनबस पीआरटीसी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन के नेताओं ने कहा कि आम आदमी पार्टी सरकार को बने चार साल से अधिक समय हो चुका है, लेकिन अब तक एक भी संविदा कर्मचारी को स्थायी नहीं किया गया।

किमी स्कीम बसों की तरफ ध्यान केंद्रित
लुधियाना बस स्टैंड और डिपो के अध्यक्ष जतिंदर सिंह सोनी तथा राज्य नेता गुरबाज सिंह ने कहा कि सरकार ने परिवहन विभाग में नई सरकारी बसें भी शामिल नहीं की हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विभाग को मजबूत करने की बजाय किलोमीटर स्कीम के तहत निजी बसों को बढ़ावा देकर विभाग के निजीकरण की दिशा में आगे बढ़ रही है। यूनियन नेताओं ने कहा कि सरकार कर्मचारियों और यूनियन कार्यकर्ताओं के साथ अन्याय कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि आवाज उठाने वाले कर्मचारियों को गैरकानूनी तरीके से घरों से उठाकर गिरफ्तार किया जा रहा है और उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है।

25 से 27 मई तक मुख्यमंत्री निवास के बाहर बैठेंगे कर्मचारी
प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कोई फैसला नहीं लिया गया तो संघर्ष और तेज किया जाएगा। यूनियन नेताओं ने घोषणा की कि 25, 26 और 27 मई को पंजाब के मुख्यमंत्री के आवास के बाहर बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा। कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से संविदा आधार पर काम करने के बावजूद उन्हें स्थायी कर्मचारियों जैसी सुविधाएं नहीं मिल रही हैं। उन्होंने कहा कि परिवहन विभाग में कार्यरत हजारों कर्मचारी अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं। यूनियन नेताओं ने सरकार से मांग की कि संविदा कर्मियों को तुरंत पक्का किया जाए, परिवहन विभाग में नई सरकारी बसें डाली जाएं और निजीकरण की नीति को रोका जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया तो राज्यभर में आंदोलन और तेज किया जाएगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button